Saturday, 29 August 2015

खतरों से खेलने का शोक है हमे , वरना तूफ़ान मैं कश्ती हम ना चलाते........................




खतरों से खेलने का शोक है हमे ,

वरना तूफ़ान मैं कश्ती हम ना चलाते l

जज्बा है कुछ कर दिखाने का,

वरना कश्ती तूफ़ान से पार ना लाते l

जो डगमगा जाते कदम मेरे तूफ़ान कों देख कर,

तोह शायद हम कश्ती मैं बैठे ही लडखडाते,

तोह खुद कैसे तूफ़ान से बहार लाते  l

खतरों से खेलने का शोक है हमे,


वरना तूफ़ान मैं कश्ती हम ना चलाते ll

Wednesday, 26 August 2015

वक़्त वक़्त का फेर है ए मेरे दोस्त .................






ज़िन्दगी ने इस कदर जीना सिखा दिये हमें,

की चोट खा कर भी हम हस्ते है ए दोस्त l

जो ना दिए होते गम ज़िन्दगी ने ,

तोह मौज हम भी उड़ा सकते थे ए दोस्त l

वक़्त वक़्त का फेर है ए मेरे दोस्त ,

बड़ा तू भी है और बड़ा मैं भी था ,

ए मेरे दोस्त  ll

Sunday, 23 August 2015

दिल की गहराई .............








दिल की गहराई किसी ने ना जानी,

दुनिया हमे कहती है हमने दुनिया की ना मानी l

दिल की सुनते है हम क्यूकि इस दिल ने भी हमारी ना मानी ,

मानो रेत की तरह निकल रहा है वक़्त हाथों से ,

ज़िन्दगी ने गाई सिर्फ अपनी ही कहानी l

जैसे तैसे समझाया पागल दिल कों की किस्मत पे किसी का जोर नही,

पर वो पागल भी हमे कहता है क्या तू कमजोर नहीं l

जो सुनता इस दिल की तू दिल से ए- दोस्त ,

तोह सब कुछ प् लेता तू ए मेरे दोस्त l

पर तूने भी इस दुनिया की तरह गाई  किस्मत की कहानी ,


दिल की गहराई किसी ने ना जानी ll